🌿 कोरफड (Aloe Vera) वनस्पती की जानकारी
Korphad / Aloe Vera Plant Information in Hindi
नाम : कोरफड
संस्कृत नाम : घृतकुमारी
हिंदी नाम : घृतकुमारी
अंग्रेज़ी नाम : Barbados Aloe
वैज्ञानिक (शास्त्रीय) नाम : Aloe barbadensis
कुल (Family) : Liliaceae
मूल स्थान : वेस्ट इंडीज द्वीप समूह
स्वाद : कड़वा.
🇮🇳 भारत में पाई जाने वाली प्रजातियाँ :
1. एलोवेरा (Aloe vera)
2. एलो इंडिका (Aloe indica)
🌱 कोरफड (Aloe Vera) में पाए जाने वाले औषधीय गुण :
कोरफड में निम्नलिखित पोषक तत्व पाए जाते हैं –
🌿 वनस्पति संरचना (Plant Structure) :
कोरफड एक झाड़ीदार (रोपवजा) वनस्पति है।
इसके पत्ते मोटे, कांटेदार और ऊपर की ओर पतले होते जाते हैं।
पत्तों का रंग हल्का हरा होता है और वे एक-दूसरे से जुड़े होकर कैक्टस की तरह फूलनुमा आकृति बनाते हैं।
पत्तों के अंदर का गूदा (गेल) सफेद रंग का और जेली जैसा होता है।
इसी गूदे का औषधीय उपयोग किया जाता है।
🌼 कोरफड के औषधीय उपयोग :
• त्वचा रोग या किसी भी प्रकार की त्वचा समस्या में कोरफड के पत्तों का गूदा निकालकर प्रभावित स्थान पर लगाने से लाभ होता है।
• जलने, आग से झुलसने या चोट लगने पर कोरफड का जेल या रस लगाने से तुरंत राहत मिलती है और घाव जल्दी भरता है।
• तेज धूप या शरीर की अधिक गर्मी से हाथ-पैरों में जलन हो तो कोरफड का गूदा लगाने से ठंडक मिलती है।
• कब्ज या पाचन समस्या में 2 चम्मच कोरफड रस में सेंधा नमक और चुटकी भर हल्दी मिलाकर सुबह खाली पेट लेने से पेट साफ होता है।
• सर्दी, कफ, खांसी, दमा में 1 चम्मच कोरफड रस में सेंधा नमक मिलाकर सुबह-शाम लेने से लाभ होता है।
• नाक से खून आने की समस्या में ताजा कोरफड रस पीने से रक्तस्राव रुकता है।
• त्वचा रोग, पित्त दोष, रक्त विकार, खुजली, दाद-खाज में कोरफड रस, मंजिष्ठा और हल्दी का लेप लगाने व थोड़ा सेवन करने से लाभ होता है।
• कोरफड में फोलिक एसिड होने से यह दर्द निवारक है और शरीर दर्द में उपयोगी है।
• मधुमेह (डायबिटीज) के रोगियों को रोज 1 चम्मच कोरफड रस लेने से शुगर नियंत्रण में रहती है।
• त्वचा पर फुंसियाँ, रूखापन, दाने होने पर कोरफड का गूदा लगाने से त्वचा सुंदर और स्वस्थ होती है।
• छाती में जलन, गैस, आंतों के घाव, लिवर विकार में कोरफड रस सेंधा नमक के साथ लेने से आराम मिलता है।
• सर्दी-खांसी में कोरफड रस में शहद मिलाकर लेना लाभकारी है।
• विटामिन C, विटामिन K और अमीनो एसिड के कारण कोरफड रोग प्रतिरोधक शक्ति बढ़ाता है।
• महिलाओं में योनि संक्रमण व जलन में बाहरी रूप से कोरफड का गूदा लगाने से सूजन कम होती है।
• बवासीर में होने वाले मस्सों पर कोरफड लगाने से जलन और दर्द कम होता है।
• गठिया और जोड़ों के दर्द में कोरफड सूजन और दर्द कम करता है।
• उच्च रक्तचाप (High BP) में 1 चम्मच कोरफड रस लाभकारी होता है।
• चयापचय (Metabolism) सुधारने, मोटापा व अतिरिक्त चर्बी कम करने में कोरफड उपयोगी है।
• मसूड़ों की सूजन कम करने और दांतों को मजबूत करने के लिए कोरफड रस मसूड़ों पर लगाएं।
• मुंह में छाले होने पर कोरफड रस लगाने से तुरंत आराम मिलता है।
• पेट दर्द में कोरफड रस में थोड़ा चीनी मिलाकर पीने से दर्द कम होता है।
• बालों में नारियल तेल के साथ कोरफड रस लगाने से रूसी, सिर की खुजली कम होती है और बालों की जड़ें मजबूत होती हैं।
• आंखों के स्वास्थ्य के लिए आंखों के आसपास कोरफड गूदा लगाएं तथा कोरफड रस मिलाकर आंखें धोने से लाभ होता है।
• चेहरे की झुर्रियां, पिंपल्स दूर करने के लिए नींबू रस में कोरफड रस मिलाकर लगाने से त्वचा निखरती है।
सर्दियों में त्वचा की देखभाल के लिए भी कोरफड अत्यंत उपयोगी है।
⚠️ कोरफड रस कब नहीं लेना चाहिए :
• गर्भवती महिलाएं कोरफड रस का सेवन न करें।
• स्तनपान कराने वाली महिलाएं भी कोरफड रस न लें।
• सामान्य व्यक्ति दिन में केवल 1–2 छोटे चम्मच रस ही लें।
• लो ब्लड प्रेशर वाले व्यक्ति कोरफड रस न लें।
• अधिक मात्रा में सेवन करने से डिहाइड्रेशन हो सकता है।
• रोजाना लंबे समय तक सेवन से बचें।
• अतिसेवन सर्वथा वर्जित है।
👉 यह थी कोरफड (Aloe Vera) आयुर्वेदिक वनस्पति की संपूर्ण जानकारी।






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